परिचय विश्व जल-कृषि का उत्पादन (खाद्य मछली और जलीय पौधे) पिछली आधी शताब्दी के दौरान महत्वपूर्ण रुप से बढ़ गया है। एफ.ए.ओ. की सांख्यिकी यह प्रदर्शित करती है कि 1950 के प्रारम्भिक दशक में लगभग 1 मिलियन टन के उत्पादन से, वर्ष 2004 में विश्व जल-कृषि का उत्पादन 59.4 मिलियन टन तक बढ़ जाने की सूचना प्राप्त हुई थी जिसका मूल्य US$ 70.3 बिलियन है। इसमें से, मारीकल्चर कुल मात्रा का 36% भाग और जल-कृषि के कुल उत्पादन के मूल्य का 33.6% भाग हिसाब में लिये जाने की सूचना प्राप्त हुई है। भारत में संभावित रुप से कृषि की जाने योग्य उम्मीदवार प्रजातियों में लगभग पंखवाली मछलियों की 20 प्रजातियाँ, 29 क्रसटेशियन, 17 मोलस्क, 7 समुद्री शैवाल और आलंकारिक तथा चिकित्सीय मूल्य की अनेक अन्य प्रजातियाँ शामिल हैं। योजना के उद्देश्य इनके माध्यम से समुद्री मत्स्य उत्पादन को अनुपूरक बनाना (1) श्रिंप की हैचरियों के विविधीकरण के द्वारा पंख वाली मछलियों के बीज का उत्पादन (2) खुले समुद्र में पिंजड़े की कृषि (3) मोलस्क संबंधी कृषि के माध्यम से विविधीकृत मारीकल्चर आदर्श प्रदर्शन और इकाईयों की स्थापना के माध्यम से और परम्परागत मछुआरों को प्रशिक्षण देकर पिंजड़े की कृषि की अवधारणा को लोकप्रिय बनाना सहायता के घटक एन.एफ.डी.बी. निम्नलिखित घटकों की सहायता करेगा (1) श्रिंप की हैचरियों में पंख वाली मछलियों के बीज का उत्पादन (2) खुले हुए समुद्र में पिंजड़े की कृषि की स्थापना करना (3) परम्परागत मछुआरों को समुद्र में पिंजड़े की आदर्श कृषि का प्रदर्शन (4) समुद्री आलंकारिक मत्स्य-कृषि (5) मोती की कृषि को शामिल करते हुए मोलस्क की कृषि करना 3.1 प्रिंप की हैचरियों से पंख वाली मछलियों के बीज का उत्पादन श्रिंप की हैचरियों के विविधीकरण की जरुरत को ध्यान में रखते हुए, यह योजना पंख वाली मछलियों के बीज का उत्पादन करने के लिये व्यवस्था करती है। 3.1.1. पात्रता के मापदंड उन समुद्रतटीय क्षेत्रों में, जहाँ समुद्री पंखवाली मछलियों के बीज उत्पादन के लिये जल संसाधन उपयुक्त है, स्थित श्रिप/स्कैम्पी हैचरियों के स्वामित्व वाले व्यक्ति/संगठन और उस जमीन का स्पष्ट हक, जहाँ हैचरी स्थित है। विविधीकरण की लागत का 80% वहन करने की उद्यमी की प्रतिबद्धता प्रत्याशित उद्यमी ने प्रशिक्षण, वरीयतः पंखवाली मछलियों की हैचरी के परिचालनों में, प्रशिक्षण प्राप्त किया हुआ होना चाहिये। 3.1.2 सहायता का प्रकार श्रिंप की हैचरी के विकास की लागत में विद्यमान ढाँचों की मरम्मत/पुनरुद्धार/परिवर्तन, जीवित भोजन की कृषि के लिये अतिरिक्त टैंक/सुविधाएं, लार्वाओं का पालन इत्यादि शामिल होता है और इकाई की अनंतिम लागत तथा अर्थशास्त्र अनुलग्नक-में संकेत किये गये हैं। एन.एफ.डी.बी. की सहायता, उत्तरवर्ती सहायता के रुप में, विविधीकरण की लागत 20% तक की सीमा तक होगी। 3.2 खुले समुद्र में पिंजड़े की कृषि की स्थापना किया जाना भारतीय समुद्री रेखा के किनारे-किनारे अनेक स्थानों पर खुले समुद्र में पिंजड़े की कृषि की संभावना को ध्यान में रखते हुए, यह योजना इस क्रिया-कलाप के लिये व्यवस्था करती है। 3.2.1 पात्रता के मापदंड बड़े पैमाने पर जल-कृषि करने के एक पिछले रिकार्ड के साथ और बीज पालन के लिये समुद्री किनारे पर पर्याप्त सुविधाएं रखने वाले/वाली उद्यमी/कम्पनियाँ। समूह बनाकर समुद्र में जाने वाले मछुआरे और मात्स्यिकी के परिसंघों/निगमों के माध्यम से योजना का परिचालन करने वाले व्यक्ति समुद्रतटीय क्षेत्रों में पिंजड़े की कृषि का क्रिया-कलाप करने के लिये अनिवार्य अनापत्तियों की उपलब्धता लागत का 80% भाग सहन करने वाले राज्य मात्स्यिकी के परिसंघों/निगमों, उद्यमियों की प्रतिबद्धता 3.2.2 सहायता का प्रकार मछली के आधुनिक जाल के पिंजड़े की इकाई की लागत में जाल की सामग्री की लागत, एच.डी.पी.ई. के चौखटे, डोंगे, लंगर और समुद्र के किनारे पर सुविधाओं की स्थापना शामिल होती है और दोनों-बड़े पैमाने और छोटे पैमाने के परिचालनों की इकाई की अनंतिम लागत और अर्थशास्त्र अनुलग्नक 2 एवं 3 में संकेत किये गये हैं। वे कम्पनियाँ जो एक विस्तृत रुप में खुले समुद्र में पिंजड़े की कृषि करने की इच्छुक हैं, तो उन्हें पूँजी-निवेशों के 20% की दर से साम्या भागीदारी के माध्यम से एन.एफ.डी.बी. द्वारा सहायता प्रदान की जायेगी। 3.3 परम्परागत मछुआरों को पिंजड़े की आदर्श कृषि का प्रदर्शन पिंजड़े की कृषि करने के लिये मछुआरों को प्रशिक्षित करने के लिये, पिंजड़े की इकाईयों की बैटरी के साथ, आदर्श पिंजड़े के प्रदर्शन फार्मों की स्थापना किया जाना प्रस्तावित है। प्रत्येक इकाई में विभिन्न जाल-छिद्रों के नायलॉन के जाल के घेरों के साथ एच.डी.पी.ई. के बनाये गये पिंजड़े होंगे। उच्च मूल्य वाले मत्स्य-बीज इन पिंजड़ों में भंडारित किये जायेंगे और 6-8 महीनोंतकउस समय तक पाले जायेंगे जब तक कि बाजार योग्य आकारतकके न हो जाएँ। इससे एक उत्पादन-सह-प्रदर्शन की सुविधा बनेगी, जहाँ मछुआरा सहकारी समितियाँ/स्व.स.स. लाभार्थी होंगे। 3.3.1. पात्रता के मापदंड (i) प्रदर्शन-फार्मों की स्थापना करने के लिए: प्रदर्शन-फार्मों की स्थापना करने के लिये, संगठन/अभिकरण के चयन के लिये निम्नलिखित मापदंड लागू होंगे: पर्याप्त सुविधाओं और समुद्रतटीय जल-कृषि तथा मारीकल्चर में पृष्ठभूमि सहित आई.सी.ए.आर. के शोध संस्थान/राज्य के मात्स्यिकी के विभाग/राज्य के मात्स्यिकी के परिसंघ/निगम तथा मात्स्यिकी के महाविद्यालय परम्परागत मछुआरों को अग्रपंक्ति वाला प्रदर्शन आयोजित करने के लिये पर्याप्त जन शक्ति तथा विशेषज्ञता का होना (ii) प्रदर्शन देखने के लिये कृषकों/मछुआरों का चयन प्रदर्शन देखने के लिये कृषक/मछुआरे के चयन के लिये निम्नलिखित मापदंड लागू होंगे: बड़े धंधे के रुप में मछली मारने / मछली की कृषि सहित उसे एक मछुआरा होना चाहिये उसे राज्य सरकार/मछुआरा सहकारी समितियों/स्वयं सहायता समूहों/मात्स्यिकी के विकास अभिकरणों द्वारा प्रायोजित किया हुआ होना चाहिये उन मछुआरों को प्राथमिकता दी जायेगी जो समुद्री रक्षित क्षेत्रों/प्राकृतिक आपदाओं से प्रभावित हुए हैं। 3.3.2 सहायता का प्रकार प्रत्येक प्रदर्शन/प्रशिक्षण की अवधि लगभग 25 प्रशिक्षुओं के एक बैच के लिये, तीन दौरों में कुल 10 दिन की अवधि की होगी। प्रशिक्षण के लिये सहायता के विवरण अनुलग्नक-4 में दिये गये हैं। 3.4 समुद्री आलंकारिक मत्स्य-कृषि अभी हाल ही के वर्षों में, एक लाभदायक समुद्री आलंकारिक मत्स्य व्यापार अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर उभर कर सामने आया है और यह व्यापार वर्ष-दर-वर्ष बढ़ता चला जा रहा है। यह एक कम विस्तार, उच्च मूल्य वाला उद्यम है और समुद्री आलंकारिक मछलियों का एक लम्बी अवधि वाला धारणीय व्यापार है, जिसे केवल हैचरी में उत्पादित मछली के द्वारा विकसित किया जा सकता है। 3.4.1 पात्रता के मापदंड प्रदर्शन की दो हैचरियों की स्थापना के लिये, आलंकारिक मत्स्य बीज उत्पादन की प्रौद्योगिकियों की विशेषज्ञता रखने वाले अभिकरणों पर विचार किया जायेगा और समुद्री आलंकारिक मछलियों से परिचित मछुआरों को प्रशिक्षण हेतु वरीयता दी जायेगी। 3.4.2 सहायता का प्रकार समुद्री आलंकारिक मत्स्य-हैचरी की एक इकाई के घटकों में शामिल हैं- समुद्री जल के अंदर आने की प्रणाली, निथराई की प्रणाली, एफ.आर.पी. के टैंक,जीवित भोजन की कृषि की प्रणाली और परिचालन तथाप्रदर्शन की लागत अनुलग्नक-5 में संकेत की गई हैं। जहाँ तक प्रशिक्षण के घटक का सम्बन्ध है, और दस दिन की एक मानक प्रशिक्षण अवधि की सहायता वह है जैसी कि अनुलग्नक-4 में संकेत की गई है। 3.5 कौड़ियों की कृषि करना भारत के पश्चिम तट के साथ-साथ लगे हुए राज्यों में व्यापक मुहाने हैं जो अरब सागर में खुलते हैं। जल-सर्वेक्षण संबंधी दशाओं पर आधारित, अधिकांश मुहानों में, दो अवस्थाएं अर्थात् दिसम्बर से मई की अवधि के दौरान एक समुद्री अवस्था और जून से नवम्बर की अवधि के दौरान खारे पानी की एक अवस्था देखी गई हैं। समुद्री अवस्था की अवधि में यह होता है कि पारिस्थितिकी तंत्र कौडियों की कृषि के लिये अनुकूल हो जाता है। वर्ष 2005-06 की अवधि में, देश में पाली गई कौड़ियों का अनुमानित उत्पादन लगभग 10,060 टन था। एन.एफ.डी.बी. विकास की निधि की सहायता के माध्यम से भारत में समुद्री तटों से लगे हुए राज्यों में कौड़ियों की कृषि करने में वृद्धि की कल्पना करता है। 3.5.1 पात्रता के मानदंड समुद्री मुहानों/खुले समुद्र में कौड़ी की कृषि करने के लिये अनुदानों के लिये कृषकों/मछुआरों के चयन के लिये मापदंड ये हैं जो निम्नलिखित हैं: गर्मी के महीनों में समुद्री दशाओं के साथ एक ज्वार मुहाने के इलाके के मछुआरों/कृषकों का सामीप्य समुद्र का वह सामीप्य जहाँ कौड़ियों के बीज मानसून के महीनों के बाद वाली अवधि में उपलब्ध होंगे समुद्रतटीय जलों में कौड़ियों की कृषि करने के लिये आवश्यक अनापत्ति 3.5.2 सहायता का प्रकार कौडियों की कृषि करने की एक इकाई के घटकों में ये शामिल होती हैं - अर्द्ध-स्वतः बीजक के साथ कौडियों की रस्सियों को पकड़ने हेतु टाँड / राफ्ता, पिंड न बनाने और फसलोत्तर तथा निर्मलीकरण की सुविधाएं और परिचालन तथा प्रदर्शन की लागत अनुलग्नक-6 और 7 में संकेत की गई हैं। एन.एफ.डी.बी. की सहायता प्रशिक्षण और प्रदर्शन को उस पद्धति के लिये होंगी जिनका अनुलग्नक- 4 में संकेत किया गया है। 3.6 खाद्य शुक्ति की कृषि करना खाद्य शुक्ति (क्रासोस्ट्रिया मैड्रासेंसिंस) की कृषि उथले जल-मुहानों, खाडियों और ठहरे हुए पानी में बड़े रुप में लघु स्तर के किसानों द्वारा की जा रही है। अंगीकार किये गये टाँड एण्ड रेन पद्धति में, खड़े हुए खंभों की एक श्रृंखला पंक्तियों में तल में ले जायी जाती है जिनके शीर्ष पर क्षैतिज छड़ें रख दी जाती हैं। घोंघे के अंडों का संग्रह या तो निर्जन स्थान से किया जाता है या उपयुक्त गुच्छे वाली सामग्रियों से। घोंघे के अंडे के संग्रहण में साफ शुक्ति के आवरण (5-6 संख्या) होते हैं जो 15-20 सें.मी. की दूरी के अंतरालों पर 3 मि.मी. नाइलोन की रस्सी पर रोके गये होते हैं और रैकों से प्राकृतिक शुक्ति के तलों तक पास में होते हैं। घोघों का संग्रहण और इससे आगे का पालन फार्म के उसी स्थल पर किया जाता है और 8-10 महीनों में फसल काटने योग्य आकार 80 मि.मी. तक पहुँच जाता है। फसल काटने का कार्य 8-10 टन/हे. की उत्पादन दर से शारीरिक श्रम द्वारा किया जाता है। शुक्ति के आवरण की माँग भी स्थानीय सीमेंट और चूना उद्योग में है और वर्ष 2000 में कृषि का उत्पादन 800 टन तक बढ़ गया है। 3.6.1 पात्रता के मानदंड कौड़ी की कृषि करने के लिये वित्तीय सहायताओं हेतु किसानों/मछुआरों के चयन के मापदंड निम्नानुसार हैं: गर्मी के महीनों में समुद्री दशाओं के साथ जल निकाय के मुहानों के इलाकों में मछुआरों/कृषकों का सामीप्य कौड़ी की कृषि करने की उद्यमी की सम्मति समुद्रतटीय जलों में कौड़ी की कृषि करने के लिये आवश्यक अनापत्ति प्रमाण-पत्र 3.6.2 सहायता का प्रकार एक इकाई के घटकों में शामिल हैं - फसलोत्तर और निर्मलीकरण की सुविधाओं के साथ कौडियों की रेन को धारण करने वाली टाँड एंड रेन इकाई तथा परिचालन और प्रदर्शन की लागतें अनुलग्नक8 में संकेत की गई हैं। एन.एफ.डी.बी. की सहायता प्रशिक्षण और प्रदर्शन के लिये उस पद्धति में होगी जो अनुलग्नक-4 में संकेत की गई है। 3.7 माबेल मोती का उत्पादन एक माबेल मोती एक गुंबद के आकार का या बिंब मोती के आकार का होता है जो शुक्ति के आंतरिक खोल की विपरीत दशा में एक अर्धगोल या लघु छवि रखकर उत्पादित किया जाता है। ये लघु छवियाँ लटकते हुए आभूषणों, कान की बुंदियों और अंगूठियों में भी बनाई जा सकती हैं। एक अच्छी गुणवत्ता वाला 10 मि.मी. आकार का माबेल मोती अंतर्राष्ट्रीय बाजारों में यू.एस.$ (डालर) 100 से अधिक मूल्य ले कर आता है और स्थानीय बाजारों में औसत रु.1,000/-लेकर आता है। भारतीय समुद्री मार्बल का लाभ उन से अधिक होता है जो मीठे पानी में शुक्तियाँ उत्पादित की जाती हैं, जो भारतीय समुद्री मोती की शुक्तियों, पिंकटाडा फुकाटा की बढ़िया गुणवत्ता से पृथक्, लघु गर्भकाल की अवधि की होती हैं। 3.7.1 पात्रता के मापदंड मार्बल मोती के उत्पादन के लिये अनुदानों के लिये किसानों/मछुआरों का चयन करने के लिये निम्नलिखित मापदंडों का प्रयोग किया जायेगा: शांत समुद्रों के मछुआरों/किसानों का सामीप्य उस समुद्र का समीप्य जहाँ मोती की सीपियाँ (पिंकटाडा फुकाटा/पी.मार्गारिटिफेरा) उपलब्ध होंगीं 3.7.2 सहायता का प्रकार एक इकाई के घटकों में शामिल हैं - खुले समुद्र में सीपियाँ पकड़ने के लिये पिंजड़े और तरापे। एन.एफ.डी.बी. की सहायता, प्रशिक्षण और प्रदर्शन के लिये उस पद्धति में होगी जो अनुलग्नक-4 में संकेत की गई है। प्रस्तावों का प्रस्तुतीकरण प्रस्ताव, निम्नलिखित फार्मों में प्रस्तुत किये जायेंगे: (1) फार्म - एम.सी.-1: श्रिंप की हैचरियों से पंखवाली मछलियों के बीज का उत्पादन। (2) फार्म - एम.सी.-2: खुले समुद्र में पिंजड़े की कृषि की स्थापना करने के लिये प्रस्ताव। (3) फार्म - एम.सी.-3: परम्परागत मछुआरों के लिये समुद्र की पिंजड़े की कृषि के लिये प्रदर्शन फार्म की स्थापना करने के लिये प्रस्ताव। (4) फार्म - एम.सी.-4: समुद्र में पिंजड़े की कृषि/समुद्री आलंकारिक मत्स्य-कृषि/कौड़ी की कृषि करने/खाद्य शुक्ति की कृषि करने/माबेल मोती के उत्पादन/ और वाणिज्यिक महत्व की अन्य पंखवाली मछलियों/शंखमीन के प्रशिक्षण के लिये प्रार्थना-पत्र। उपरोक्त क्रम सं. (1) से (3) तक के प्रार्थना-पत्र, आवेदक द्वारा भरे जायेंगे और लागू करने वाले अभिकरण द्वारा प्रतिहस्ताक्षरित किये जायेंगे। किंतु, प्रशिक्षण और प्रदर्शन के लिये निर्धारित क्र.सं. (4) पर प्रार्थना-पत्र लागू करने वाले अभिकरण द्वारा भरे जायेंगे और एन.एफ.डी.बी. को विचारार्थ प्रस्तुत किये जायेंगे। निधियों का जारी किया जाना सामान्यतया, श्रिंप की हैचरियों से पंखवाली मछलियों के बीज के उत्पादन, समुद्र में पिंजड़े की कृषि की स्थापना करने तथा खुले समुद्र में पिंजड़े की कृषि के लिये प्रदर्शन फार्म की स्थापना करने के लिये और मछुआरों को प्रदर्शन प्रदान करने से संबंधित क्रिया-कलापों के लिये निधियाँ दो समान किश्तों में जारी की जायेंगीं। पहली किश्त एन.एफ.डी.बी. द्वारा प्रस्ताव के अनुमोदन पर जारी की जायेगी (और खुले समुद्र में पिंजड़े की कृषि के फार्मों की स्थापना किये जाने के मामले में उद्यमी द्वारा 50% पूँजी-निवेश किये जाने के बाद) और दूसरी किश्त बीज-उत्पादन क्रिया-कलाप के शुरु होने पर (हचरियों के मामले में)/उद्यमी जो अपने हिस्से का शेष 50% पूँजी-निवेश करता है (खुले समुद्र में पिंजड़े की कृषि) और पहली किश्त के लिये लागू करने वाले अभिकरण से उपभोग प्रमाणपत्र की प्राप्ति पर, जारी की जायेगी। सहायता की सभी किश्तें किसान के बैंक के खाते में जमा की जायेंगीं। प्रशिक्षण और प्रदर्शन के लिये निधियाँ, एन.एफ.डी.बी. द्वारा प्रस्ताव के अनुमोदन पर, एकल किश्त में जारी की जायेंगीं। उपभोग प्रमाण-पत्र का प्रस्तुतीकरण लागू करने वाले अभिकरण, बोर्ड द्वारा उनको जारी की गई निधियों के संबंध में उपभोग प्रमाण-पत्र प्रस्तुत करेंगे। ऐसे प्रमाण-पत्र अर्धवार्षिक आधार पर अर्थात् प्रत्येक वर्ष की जुलाई और जनवरी के दौरान फार्म एम.सी.-5 में प्रस्तुत किये जायेंगे। उपभोग प्रमाण-पत्र उस अवधि के दौरान भी प्रस्तुत किये जा सकते हैं, यदि वे क्रिया-कलाप जिनके लिये निधियाँ पहले ही जारी की जा चुकी थीं, वे पूरे हो गये हैं और सहायता की दूसरी किश्त किसान द्वारा शेष कार्यों को पूरा करने के लिये अपेक्षित है। अनुश्रवण और मूल्यांकन एन.एफ.डी.बी. के वित्तपोषण के अंतर्गत कार्यान्वित किये गये क्रिया-कलापों की प्रगति का आवधिक आधार पर अनुश्रवण तथा मूल्यांकन करने के लिये एन.एफ.डी.बी. प्रधान कार्यालयों पर एक समर्पित अनुश्रवण एवं मूल्यांकन (एम.एंड ई.) कक्ष की स्थापना की जायेगी। भौतिक, वित्तीय और उत्पादन लक्ष्यों से संबंधित क्रिया-कलापों की प्रगति की आवधिक आधार पर समीक्षा करने के लिये विषय-वस्तु तथा वित्त और वित्तीय संगठनों के विशेषज्ञ प्रतिनिधियों की परियोजना अनुश्रवण करने की एक समिति का भी गठन किया जा सकता है। अनुलग्नक -I - श्रिंप की हैचरियों से पंखवाली मछली के बीज का उत्पादन पंखवाली मछलियों के 1 मिलियन बीज के उत्पादन के लिये इकाई की अनंतिम लागत तथा अर्थशास्त्र ब्रूड स्टॉक की सुविधा का विकास रु.15 लाख विद्यमान ढाँचों की मरम्मत/पुनरुद्धार/परिवर्तन की लागत तथा लार्वाओं के पालन के लिये अतिरिक्त सुविधाओं की लागत रु.25 लाख विद्यमान ढाँचों की मरम्मत/पुनरुद्धार/परिवर्तन की लागत तथा जीवित भोजन के उत्पादन के लिये अतिरिक्त टैंकों की लागत रु.10 लाख विद्यमान ढाँचों की मरम्मत/पुनरुद्धार/परिवर्तन की लागत तथा अतिरिक्त टैंकों की लागत रु.20 लाख परिचालन संबंधी लागतें प्रति वर्ष रु.30 लाख मूल्य-ह्रास 20% की दर से रु.14 लाख योग रु.44 लाख रु.5/- प्रति बीज की दर से 1 मिलियन पंखवाली मछलियों के बीज की बिक्री रु.50 लाख लाभ प्रति वर्ष रु.6 लाख अनुलग्नक -II - खुले समुद्र में पिंजड़े की कृषि की स्थापना करने के लिये इकाई की अनंतिम लागत तथा अर्थशास्त्र क्र.सं. मद अनुमानित लागत/फसल (रु. लाखों में) I II III IV V 1. स्थिर आस्तियाँ तटवर्ती सुविधा; तैरनेवाले पिंजड़े (अनुमा.12 मीटर व्यास वाले;10 नग) + कार्य करने हेतु कुटिया, मोटरचालित नावें और अन्य उपकरण 6.0 -- उत्पादन की लागत 2. स्थिर आस्तियों पर मूल्यह्रास (~10%) 6.0 6.0 6.0 6.0 6.0 3. श्रमशक्ति(1 मैनेजर-रु.45000 प्रति महीना की दर से) + (2 कृषि श्रमिक- रु.20000 प्रति महीना की दर से)+लाभांश 10.0 11.0 12.0 13.0 14.0 4. ईंधन का रखरखाव और विविध 10.0 11.0 12.0 13.0 14.0 5. तटवर्ती सुविधा पर कार्य करने के प्रभार(प्रयोगशाला के कार्य, पानी, बिजली, संचार, देख-भाल और संरक्षण, आदि) 3.0 3.0 3.0 4.0 4.0 6. फ्राई(20-25ग्रा. आकार के) (औसत मूल्य रु.5/- प्रति सी बॉस या ग्रुपर की दर से) (10 पिंजड़ों के लिए कुल 1,00,000 बीज) 5.0 10.0 10.0 11.0 11.0 7. भोजन (मछली का कचरा रु5000/टन की दर से; 1 टन मछली के उत्पादन के लिए कम से कम 6 टन अपेक्षित है) 18.0 36.0 36.0 36.0 36.0 8. फसलोत्तर कार्य तथा परिवहन 2.0 4.0 4.0 5.0 5.0 9. विविध व्यय 2.0 2.0 2.0 3.0 3.0 10. उधार लिये गये धन पर ब्याज (~8% प्रति वर्ष की दर से) (100 लाख उधार लिये गये) 8.0 7.0 6.0 5.0 4.0 11. उत्पादन की कुल लागत (2+3+4+5+6+7+8+9+10) वार्षिक उत्पादन (ट.)' (लगभग 60 टन की उम्मीद है; 80% उत्तरजीविता में और प्रति मछली का औसत 0.6 किलो है) 64.0 60 टन 90.0 120 टन 91.0 120 टन 96.0 120 टन 97.0 120 टन 12. प्रति टन उत्पादन की इकाई की लागत (6/7) 1.067 0.75 0.76 0.80 0.81 वित्तीय विश्लेषण 13. विक्रय मूल्य (रु.100 प्रति कि.ग्रा. की दर से) 100/कि.ग्रा. 110/कि.ग्रा. 120/कि.ग्रा. 130/कि.ग्रा. 140/कि.ग्रा. 14. विक्रय से प्राप्त राजस्व(आय) 60.0 132.0 144.0 156.0 168.0 15. उत्पादन की लागत से अधिक पर लाभ(14-11) -4.0 47.0 57.0 65.0 75.0 16. ऋण की वापसी 0 25.0 25.0 25.0 25.0 17. शुद्ध लाभ -4.0 22.0 32.0 40.0 50.0 अनुलग्नक –III - एक घरेलू (व्यक्तिगत) मछुआरे /स्व.स.स. के लिये खुले समुद्र में पिंजड़े की कृषि की स्थापना करने के लिये इकाई की अनंतिम लागत तथा अर्थशास्त्र क्र.सं. मद अनुमानित लागत/फसल (रु. लाखों में) पूँजी-निवेश I II III IV V 1. स्थिर आस्तियाँ तटवर्ती सुविधा; तैरनेवाले पिंजड़े (अनुमा.12 मीटर व्यास के; केवल 1 नग) 6.0 - - - - उत्पादन की लागत 2. स्थिर आस्तियों पर मूल्यह्रास (~10%) की दर से 0.6 0.6 0.6 0.6 0.6 3. फ्राई (20-25 ग्रा. आकार की) (रु.5 के औसत मूल्य की दर सेः सी बॉस या ग्रुपर) (प्रति पिंजड़ा कुल 10,000 बीज) 0.5 1.0 1.0 1.1 1.1 4. भोजन (मछली का कचरा रु.5000/टन की दर से; 1 टन मछली के उत्पादन के लिये कम से कम 6 टन अपेक्षित है) 1.8 3.6 3.6 3.6 3.6 5. फसलोत्तर कार्य तथा परिवहन 0.25 0.50 0.50 0.50 0.50 6. विविध व्यय 0.20 0.20 0.20 0.30 0.30 7. उधार लिये गये धन पर ब्याज (~8% प्रति वर्ष की दर से) (100 लाख उधार लिये) 0.8 0.7 0.6 0.5 0.4 8. उत्पादन की कुल लागत (2+3+4+5+6+7) 10.15 6.6 6.5 6.6 6.5 9. वार्षिक उत्पादन (ट.)' (लगभग 60 टन की उम्मीद है; 80% उत्तरजीविता में और प्रति मछली का औसत वजन 0.6 किलो है) 6 टन 12 टन 12 टन 12 टन 12 टन 10. प्रति टन इकाई की उत्पादन की लागत (6/7) 1.69 0.55 0.54 0.55 0.54 वित्तीय विश्लेषण 11. विक्रय मूल्य (रु.100 प्रति कि.ग्रा. की दर से) 100/कि.ग्रा. 110/कि.ग्रा. 120/कि.ग्रा. 130/कि.ग्रा. 140/कि.ग्रा. 12. विक्रय से राजस्व(आय) 6.0 13.2 14.4 15.6 16.8 13. उत्पादन की लागत के ऊपर लाभ(14-11) -4.15 6.6 7.9 9.0 10.3 14. ऋण की वापसी 0 2.5 2.5 2.5 2.5 15. शुद्ध लाभ -4.15 4.1 5.4 6.5 7.8 अनुलग्नक – IV - प्रशिक्षण हेतु सहायता के मानदंडों का सारांश क्र.सं. मद क्रिया-कलाप इकाई की लागर, सहायता एवं टिप्पणियाँ 1.0 प्रशिक्षण और प्रदर्शन (1) 10 दिवसीय प्रशिक्षण कार्यक्रम में (25-30 का बैच) सहभाग करने के लिये किसानों को सहायता (2) संसाधन वाले व्यक्तियों को मानदेय (3) प्रशिक्षण और प्रदर्शन हेतु लागू करने वाले अभिकरण को सहायता (1) रु.125/दिन/प्रशिक्षु को दैनिक भत्ता और आने जाने की यात्रा की वास्तविक प्रतिपूर्ति वशर्ते अधिकतम रु.500/ प्रति प्रशिक्षु। (2) रु.1250/- का मानदेय और आने-जाने की यात्रा के वास्तविक व्यय, वशर्ते अधिकतम रु,1000/ (3) परिचय कराने, लाभार्थियों की लामबंदी करने, प्रशिक्षण सामग्री की आपूर्ति इत्यादि करने के लिये लागू करने वाले अभिकरण को रु.75/प्रशिक्षु/प्रतिदिन। (4) नियमित प्रशिक्षण/प्रदर्शन के क्रिया-कलाप आयोजित करने के लिये लागू करने वाले अभिकरण को रु.1,00,000/(एक बारगी अनुदान) की दर से प्रदर्शन इकाई का विकास (5) अपनी स्वयं की सुविधा के अभाव में, प्रशिक्षण और प्रदर्शन इत्यादि के आयोजन के लिये राज्य सरकार को निजी इकाई पट्टे पर लेने और उसके विकास के लिये रु.50,000/- का अनुदान उपलब्ध होगा (6) उपरोक्त (4) और (5) के अभाव में , निजी किसान से उपरोक्त सुविधा किराये पर लेने के लिये रु.5,000/- प्रति प्रशिक्षण कार्यक्रम (7) आई.सी.ए.आर. के मात्स्यिकी के संस्थानों/राज्य कृषि विश्वविद्यालयों/अन्य अभिकरणों के अधीन महाविद्यालय जो स्वयं अपनी सुविधाओं का उपयोग कर रहे हैं, वे इस उद्देश्य के लिये रु.5,000/प्रति प्रशिक्षण कार्यक्रम की एकीकृत धनराशि प्राप्त करेंगे। अनुलग्नक -V - समुद्री आलंकारिक मछलियों के उत्पादन के लिए इकाई की अनंतिम लागत और उसका अर्थशास्त्र लागत (रु. लाखों में) पूँजीगत लागत 1. स्थिर आस्तियाँ समुद्री जल का अंतर्ग्रहण, तलछट का जमाव, निथारने की प्रणाली 25 ब्लोअर + जनरेटर 5 वातानुकूलन यंत्र (एयर कंडीशनर) 1 ब्रूड के भंडार का विकास करने हेतु सुविधाएं (25 जोड़े) और ब्रूड के भंडार की लागत 10 जीवित भोजन की कृषि करने की सुविधाएं 5 लार्वाओं के पालन करने की सुविधाएं 5 नर्सरी में वृद्धि करने की सुविधाएं 10 कुल पूँजीगत लागते (क) 61 2. परिचालन संबंधी लागते (ख) 10 3. मूल्यह्रास (निर्धारित पूँजीगत लागत का 20% की दर से) (ग) 12.2 योग (ख+ग) 22.2 उत्पादन की कुल लागत (क+ख+ग) 83.2 4. वार्षिक उत्पादन (संख्याएं) उत्तरजीवितता पर (न्यूनतम 50%): उत्पादनः 300 बीज/माह/जोड़े की दर से प्रति महीना/30 जोड़ों में उत्पादित बीजों की कुल संख्या: 9000 प्रति वर्ष/25 जोड़ों में उत्पादित बीजों की कुल संख्या: 1,08,000 प्रति वर्ष उत्पादित बीजों की कुल संख्या (पूर्णांक करना): 100000 बीज 5. वित्तीय विश्लेषण विक्रय का मूल्य रु.50/बीज की दर से विक्रय से राजस्व 50 कुल वापसी 50 मूल्यह्रास को निकालकर उत्पादन की लागत 27.8 नकदी में कुल वापसी 27.8 भुगतान की अवधि (क/घ) 1.22 अनुलग्नक -VI - कौड़ी की कृषि करने से लागत का अनंतिम लाभ - टॉड पर कृषि टाँड का आकार 30 मी. x 20 मी. (1 मी. की 1200 रस्सियाँ) क. प्रारम्भिक व्यय I. कृषि करना 1. 4 मी. की लंबाई वाले बांस के खंभे 160 नग रु.110/- की दर से 17,600.00 2. 5 मी. की लंबाई वाले बांस के खंभे 110 नग रु125/- की दर से 13,750.00 3. 18 मि.मी. वाली बीज बोने की क्रिया में प्रयुक्त होने वाली रस्सी (1500 मी.), 300 कि.ग्रा. रु.125/- की दर से 37,500.00 4. बीज बोने वाले रस्सी में साँठ लगाने तथा बाँधने के लिये रस्सी; 4 मि.मी., 20 कि.ग्रा. 2,650.00 5. अर्द्ध-स्वचालित बोने की मशीन 5,000.00 कुल 76,500.00 II॰ फसल की कटाई के बाद 6. ढेर को अलग करने वाला यंत्र 8,000.00 7. निर्मलीकरण के लिये प्लास्टिक के टोकरे 12,000.00 8. गर्मी वाली भूसी हटाने के लिये अल्यूमिनियम के बर्तन 10,000.00 9. एफ.आर.पी. का टैंक, 2 टन क्लोरीन का प्रयोग करने के लिये 12,000.00 10. एफ.आर.पी. का टैंक, भूसी हटाने के लिये 1 टन, 2 नग 12,000.00 11. 1 एच.पी. वाला पम्प, रबड़ का पाइप और सहायक उपकरण 10,000.00 कुल 64,000.00 ख. पूँजीगत लागत मूल्यह्रास 50% की दर से मद सं. 1 से 5 तक के लिये 38,250.00 मूल्यह्रास 20% की दर से मद सं. 6 से 11 तक के लिये 12,800.00 कुल 51,050.00 ग. आवर्ती लागत 1. सूती कपड़े की जाली (250 मी., रु.15/मी. की दर से) 3,750.00 2. डोरी 100.00 3. बीज की लागत (1800 कि.ग्रा. रु.6/कि.ग्रा. की दर से) 10,800.00 4. बीज बोने की क्रिया के प्रभार (30 मानव दिवस, रु.200/प्रति व्यक्ति की दर से) 6,000.00 5. डोंगी को किराये पर लेने का प्रभार 2,500.00 6. फसल की कटाई, ढेर से अलग करने और सफाई कराने हेतु प्रभार 10,000.00 7. निर्मलीकरण के लिये मजदूरी 3,000.00 8. प्लास्टिक की वस्तुएं 4,000.00 9. विपणन 5,000.00 10. विविध 3,800.00 कुल 48,950.00 कुल व्यय (ख+ग) 1,00,000.00 घ. आय कौड़ी का उत्पादन 12000 कि.ग्रा. गर्म भूसी हटाया गया मांस (20%) 2400 कि.ग्रा. विक्रय मूल्य रु.80/कि.ग्रा. 1,92,000.00 च. शुद्ध आय 92,000.00 अनुलग्नक -VII - कौड़ी की कृषि करने से लागत का अनंतिम लाभ - खुले समुद्र में 5 मी. X 5 मी. की (12) गुणज इकाईयों में तरापे की पद्धति (300 वर्ग मी.) क. प्रारम्भिक पूँजी-निवेश I. कृषि करना 1. 5 मी. की लंबाई वाले बांस के खंभे 240 नग रु.125/- की दर से 30,000.00 2. 200 ली. की क्षमता के तेल के खाली बैरलों के 60 नग, रु.500/- की दर से 30,000.00 30 कि.ग्रा. वाले लोहे के लंगर 26 नग, रु.40/- की दर से 31,200.00 4. लंगर डालने के लिये 18 मि.मी. नायलॉन वाली रस्सी, 240 कि.ग्रा. रु.125/- की दर से 30,000.00 5. साँठ लगाने के लिये 4 मि.मी. नायलॉन वाली रस्सी, 60 कि.ग्रा. रु.125/- की दर से 7,500.00 6. बीज बोने की क्रिया में प्रयुक्त होने वाली रस्सी 4 मी. वाली 600 रस्सियाँ; 480 कि.ग्रा. रु.125/- की दर से 60,000.00 7. बोने की अर्द्ध-स्वचालित मशीन 5,000.00 कुल 1,93,700.00 ॥. फसल की कटाई के बाद 8. ढेर को अलग करने वाला यंत्र 8,000.00 9. बोने की अर्द्ध-स्वचालित मशीन 5,000.00 10. 2 टन की क्षमता वाला एफ.आर.पी. का टैंक, 2 नग रु.12,000/- की दर से 24,000.00 11. 1 टन की क्षमता वाला एफ.आर.पी. का टैंक, 3 नग 18,000.00 12. रबड़ के पाइप और सहायक उपकरणों के साथ एच.पी. का पम्प 10,000.00 13. निर्मलीकरण के लिये प्लास्टिक के टोकरे 12,000.00 14. गर्मी वाली भूसी हटाने के लिये अल्यूमिनियम के बर्तन 10,000.00 कुल 87,000.00 ख. पूँजीगत लागत मूल्यह्रास 50% की दर से मद सं. 1 से 7 तक के लिये 96,850.00 मूल्यह्रास 20% की दर से मद सं. 8 से 14 तक के लिये 17,400.00 कुल 1,14,250.00 ग. आवर्ती लागत 1. सूती कपड़े की जाली (600 मी., रु.15/मी. की दर से) 9,000.00 2. तरापे के निर्माण और नौकाबंध स्थल के लिये मजदूरी 24,000.00 3. कौड़ियों की बीज की लागत (4200 कि.ग्रा. रु.6 / कि.ग्रा. की दर से) 25,200.00 4. बीज बोने की क्रिया के प्रभार (50 मानव दिवस, रु.200/प्रति व्यक्ति की दर से) 10,000.00 5. डोंगी को किराये पर लेने का प्रभार 250 रु.30/- की दर से 7500.00 6. फसल की कटाई और परिवहन 15,000.00 7. निर्मलीकरण के लिये मजदूरी 20,000.00 8. गर्म भूसी हटाने के लिये मजदूरी 20,000.00 9. ढेर से अलग करना और सफाई करना 10,000.00 10. विविध 10,000.00 कुल 1,50,700.00 कुल व्यय (ख+ग) 2,60,950.00 घ. आय कौड़ी का उत्पादन 24000 कि.ग्रा. गर्म भूसी हटाया गया मांस (20%) 4800 कि.ग्रा. विक्रय मूल्य रु.80/कि.ग्रा. 3,84,000.00 च. शुद्ध आय 92,000.00 अनुलग्नक -VIII - 300 वर्ग मी. क्षेत्रफल में खाद्य सीप की टाँड की कृषि का अनंतिम लागत से लाभ विवरण धनराशि 1. पूँजीगत लागत क. बांस / कसुआरिना का खंभा (500 नग रु.100/- की दर से) ख. 4 मि.मी. वाली नायलॉन की रस्सी (180 कि.ग्रा. रु.140/- की दर से) 50,000.00 25,200.00 घटाइये: मूल्यह्रास 50% की दर से 75,200.00 37,600.00 योग 37,600.00 2. परिचालन की लागत क. खाली, साफ किया हुआ सीप का आवरण (30,000 रु.0.15/- की दर से) 4,500.00 ख. टाँड बनाने की मजदूरी (6,000 रु.0.50/- की दर से) 3,000.00 ग. टाँड का निर्माण 5,000.00 घ. फसल की कटाई 5,000.00 च. 3,000 टन सीप की फसल की कटाई और उसकी सफाई 12,000.00 छ.गर्म भूसी हटाना 54,000.00 ज.विपणन के व्यय 2,500 के लिये रु.2/कि.ग्रा. की दर से 5,000.00 कुल 88,500.00 कुल व्यय 1,26,100.00 विक्रय-मूल्य: मांस रु.80/कि.ग्रा. की दर से 2,00,000.00 शुद्ध लाभ 73,900.00 फार्म-एम.सी.-। - श्रिंप की हैचरियों में पंखवाली मछली के बीज का उत्पादन करने हेतु प्रस्ताव आवेदक से माँगे गये विवरण आवेदक द्वारा दी गई जानकारी (3) 1.0 आवेदक/फर्म/संस्थान/स्वयं सहायता समूह का नाम और पता (स्पष्ट अक्षरों में): 2.0 संसूचना हेतु पता दूरभाष: फैक्स: मोबाईल संख्या: ई-मेल: 3.0 उस भूमि का विवरण जहाँ श्रिंप की हैचरी स्थित है जिसे पंखवाली मछली की हैचरी के रुप में उन्नयन करने का प्रस्ताव है: (क) राज्य: (ख) जिला: (ग) तालुक/मंडल: (घ) राजस्व ग्राम: (च) सर्वेक्षण संख्या (एं): (छ) क्या सी.आर.जेड. अधिनियम के अनुसार अनुमत क्षेत्र में स्थित है? (ज) स्वामित्व (क्या पूर्ण स्वामित्व वाली है या पट्टे पर है?) (झ) यदि पट्टे पर है तो पट्टे की अवधिः (ट) विद्यमान श्रिंप की हैचरी की जमीन का कुल क्षेत्रफल (हे. में): (ठ) श्रिंप की हैचरी की क्षमताः (इ) टन-भार के साथ टैंकों की संख्या: (ढ) जल धारण करने की क्षमता: (त) अन्य उपलब्ध सुविधाएं: (थ) पानी का अंतर्ग्रहण और निथारने की प्रणाली: (द) जल की निकासी के निस्तारण की सुविधा: (ध) जीवित भोजन की कृषि की सुविधा: (न) रोग-निदान और जल की गुणवत्ता के विश्लेषण के लिए प्रयोगशाला की सुविधा: प्रस्तावित समुद्री पंखवाली मछली की हैचरी का विवरण: (क) पंखवाली मछली के बीज के उत्पादन का उन्नयन करने के लिए उपलब्ध अतिरिक्त क्षेत्र की सीमा: (ख) ब्रूड के भण्डार के टैंकों की संख्या और आकार: (ग) अंडे सेने वाले टैंकों की संख्या और आकार: (घ) जीवित भोजन के टैंकों की संख्या और आकार: (च) नर्सरी के टैंकों की संख्या और आकार: (छ) वातकीय सुविधा का विवरण: (ज) जल की निकासी के निस्तारण की सुविधा: (झ) वह प्रौद्योगिकी जो अपनायी जानी है(आयातित / स्वदेशी): (ट) उत्पादन की क्षमता (प्रति उत्पादन-चक्र की फ्राई-मिलियन में): (ठ) प्रति वर्ष प्रस्तावित बीज उत्पादन के चक्रों की संख्या: (इ) क्या नर्सरी पालन के लिए कोई सुविधाएं हैं? यदि हाँ, तो नर्सरियों की क्षमता (ढ) पानी का स्रोत और गुणवत्ता: (त) ब्रूड के भण्डार का स्रोतः (थ) हैचरी में प्रस्तावित निर्माण कार्यों के विवरण (डिजाइन के विवरण / इंजीनियरिंग संबंधी कार्य प्रस्तुत किये जाएँ) (द) ब्रूड के भण्डार और फ्राई के भोजन के विवरण, और भोजन के भण्डारण की सुविधा (ध) जीवित भोजन की कृषि की सुविधा: (न) रोग-निदान और जल की गुणवत्ता के विश्लेषण के लिए प्रयोगशाला की सुविधा: 5.0 संस्थागत वित्त की सुविधा लेने के लिए बैंक के साथ गठबंधन के विवरण: 6.0 बीज के लिये धन की व्यवस्था (कृपया दस्तावेजी प्रमाण प्रस्तुत करें, जैसे कि बैंक खाते का विवरण, इत्यादि): 7.0 क्या आवेदक पहले किसी भी वित्तीय संस्थान / राज्य सरकार से लिये/ली गई ऋण / सहायता के लिए भुगतान का दोषी है? यदि हाँ, तो विवरण दीजिए और चूक के कारण दीजिए: 8.0 हैचरियों के परिचालन में आवेदक का अनुभव और अब तक लिये गये प्रशिक्षण(णों) के विवरण: 9.0 परिचालन के अर्थशास्त्र के संबंध में विवरण: 10.0 विपणन का गठबंधन: 11.0 हैचरी के परिचालन की आशायित तारीख और बीज के वितरण और विपणन, परिवहन की व्यवस्थाएं, इत्यादि जैसी गतिविधियों की अनंतिम अनुसूची: 12.0 प्रस्तावित हैचरी की 50 किलोमीटर की परिधि में स्थापित विद्यमान पंखवाली मछली की हैचरियों की संख्या और उनकी उत्पादन की क्षमताएं: 13.0 निर्माण और हैचरी के दिन-प्रतिदिन के परिचालनों के लिये नियुक्त कर्मकारों का स्रोत और संख्या: (प्रतिवर्ष मानव दिवस): आवेदक द्वारा घोषणा मैं/हम. ___________________________________ सुपुत्र/सुपुत्री/धर्मपत्नी श्री________________ निवासी__________________________________________एतदद्वारा घोषणा करता हूँ / करती हूँ / करते हैं कि ऊपर प्रस्तुत की गई सूचना मेरे / हमारे सर्वोत्तम ज्ञान और विश्वास के अनुसार सत्य है। मुझे / हमें पूरी जानकारी है कि यदि यह पाया जाता है कि मेरे / हमारे द्वारा प्रस्तुत की गई सूचना गलत है या उन शर्तों में किसी प्रकार का विचलन / उल्लंघन है जिनके अंतर्गत एन.एफ.डी.बी. द्वारा मुझे / हमें सहायता प्रदान की गई है, तो इस शर्त के उल्लंघन के लिये, कोई कार्रवाई जो उचित हो, मेरे / हमारे विरुद्ध की जा सकती है। दिनांक: स्थान: आवेदक (कों) का / के हस्ताक्षर कार्यान्वयन करने वाले अभिकरण द्वारा प्रतिहस्ताक्षरित दिनांक: स्थान: कार्यान्वयन करने वाले अभिकरण के प्राधिकृत प्रतिनिधि का हस्ताक्षर और मुहर फार्म-एम.सी.- ॥ - खुले समुद्र में पिंजड़े की कृषि की स्थापना करने हेतु प्रस्ताव आवेदक से माँगे गये विवरण आवेदक द्वारा दी गई जानकारी 1.0 कम्पनी/फर्म का नाम और पता (स्पष्ट अक्षरों में): 2.0 संसूचना हेतु पता दूरभाष: फैक्स: मोबाईल संख्या: ई-मेल: 3.0 उस क्षेत्र के विवरण जहाँ पिंजड़े की कृषि करने का क्रिया-कलाप किया जाना प्रस्तावित है: (क) राज्य: (ख) जिलाः (ग) तालुक/मंडल: (घ) समीपवर्ती राजस्व ग्राम: (च) अक्षांश और देशांतर: (छ) पट्टे के विवरण: (ज) पट्टे की अवधि: (झ) फार्म का कुल क्षेत्रफल (हे में): (ट) पिंजड़े के फार्मों में प्रस्तावित निर्माण कार्यों के विवरण (डिजाइन के विवरण / इंजीनियरिंग संबंधी कार्य प्रस्तुत किये जाएँ) (ठ) पिंजड़े की इकाईयों की संख्याः (इ) प्रत्येक पिंजड़े के परिमाप: (ढ) प्रत्येक पिंजड़े में मछली धारण करने की अधिकतम क्षमता: (त) नावों, लंगरों, सुरक्षा-मंचों, प्रकाश-स्तंभों को शामिल करते हुए अन्य ढाँचों के विवरणः (थ) व्यक्तियों और सामग्री का इधर से उधर परिवहन करने के लिए यंत्रीकृत/मोटर चालित नावों के विवरण 4.0 पिंजड़े के फार्म के लिये तटवर्ती स्थल पर सुविधाएं: उस क्षेत्र के विवरण जहाँ तटवर्ती सुविधा उपलब्ध कराया जाना प्रस्तावित किया गया है: (क) राज्य : (ख) जिला: (ग) तालुक/मंडल: (घ) समीपवर्ती राजस्व ग्राम: (च)सर्वेक्षण संख्या: (छ)क्या सी.आर.जेड. अधिनियम के अनुसार अनुमत क्षेत्र में स्थित है?: (ज) स्वामित्व (क्या पूर्ण स्वामित्व वाली है या खुले पट्टे पर है?): (झ) यदि पट्टे पर है तो पट्टे के विवरण और उसकी अवधि: (ट) तटवर्ती सुविधा के प्रस्तावित निर्माण कार्यों के विवरण(डिजाएन के विवरण/इंजीनियरिंग के कार्य सक्षम प्राधिकारी द्वारा प्रमाणित और अनुमोदित किये जाएँ): (ठ) फ्राई की प्रजातियाँ और स्रोतः (ड) बीज धारण करने के लिए सुविधा के विवरण (फ्राई से अंगुलिका तक): (ढ) फ्राई का पालन करने वाले टैंकों की संख्या और उनके परिमाप: (त) पानी के अंतर्ग्रहण और निस्तारण की सुविधा: (थ) पानी का स्रोत और गुणवत्ता: (द) नाली के पानी के निस्तारण की सुविधा: (ध) फ्राई के लिये उपयोग किये जाने वाले भोजन के विवरण: (न) भोजन के लिये भंडारण की सुविधा (बीज का पालन करने और मत्स्य-कृषि करने के लिये): (प) फसल काटी गई मछलियों को जमाने/शीत भंडारण करने की सुविधा: (फ) व्यक्तियों और सामग्री को इधर-उधर परिवहन करने के लिए यंत्रीकृत/मोटर चालित नावों के विवरण: (ब) जल की गुणवत्ता के मानकों का अनुश्रवण करने के लिये तटॅवर्ती प्रयोगशाला तथा पिंजड़े के फार्म के स्थल पर रोग का निदानः (भ) तटवर्ती और समुद्र में पिंजड़े की सुविधाओं के मध्य संसूचना की सुविधा (बेतार का तार/मोबाईल) 5.0 क्या समुद्र में पिंजड़े की कृषि की सुविधा के लिये सहायता केंद्रीय/राज्य सरकार की किसी अन्य योजना के अंतर्गत माँगी गई है? यदि ऐसा है, तो कृपया विवरण दीजिए: 6.0 क्या कंपनी / फर्म किसी वित्तीय संस्थान / राज्य सरकार से पूर्व में उठाये/उठाई गये/गई ऋण/सहायता के भुगतान का दोषी है? यदि हाँ, तो चूक के विवरण दें तथा चूक के कारण बताएं: 7.0 इनपुट की लागत के संबंध में अनुमानः (क) पिंजड़े में कृषि की जाने वाली प्रजातियाँ: (ख) भंडारण करने का घनत्व (कृपया फ्राई/अंगुलिका - के भंडारण करने का स्तर विनिर्दिष्ट करें) - पिंजड़े के प्रति घन मीटर की संख्या: (ग) बीज की लागत (रु. प्रति हजार): (घ) प्राप्त करने का स्रोतः (च) परिवहन की लागत (रु. प्रति हजार): (छ) प्रयोग किये जाने वाले भोजन, उसकी मात्रा और लागत के विवरण: (ज) भोजन की प्राप्ति का स्रोत: (झ) तटवर्ती सुविधा से पिंजड़े की कृषि के स्थल तक भोजन के परिवहन की लागत: (ट) प्रति वर्ष कृषि-चक्रों की संख्या: (ठ) वेतन/मजदूरी: (ड) फसल काटने की लागतः (ढ) तटवर्ती सुविधा हेतु परिचालन संबंधी लागतः 8.0 पिंजड़े की कृषि में आवेदक का अनुभव और अब तक लिया/लिये गया/गये प्रशिक्षण(णों) के विवरण: 9.0 परिचालन के अर्थशास्त्र के संबंध में विवरण: 10.0 क्या बैंक से ऋण लेने के लिए कोई वित्तीय गठबंधन किया गया है, यदि ऐसा है तो कृपया विवरण दीजिए: 11.0 फार्म के परिचालन की आशयित तारीख और क्रिया-कलापों की अनंतिम अनुसूचीः 12.0 विपणन का गठबंधन: 13.0 निर्माण तथा कृषि के दिन-प्रतिदिन के परिचालनों के लिये नियुक्त श्रमिकों का स्रोत और संख्या (मानव-दिवस प्रति वर्ष): कम्पनी/फर्म के अधिकृत हस्ताक्षरकर्ता द्वारा घोषणा मैं/हम___________________________सुपुत्र/सुपुत्री/धर्मपत्नी श्री_________________निवासी,_________एतद्द्वारा घोषणा करता हूँ / करती हूँ / करते हैं कि ऊपर प्रस्तुत की गई सूचना मेरे / हमारे सर्वोत्तम ज्ञान और विश्वास के अनुसार सत्य है। मुझे / हमें पूरी जानकारी है कि यदि यह पाया जाता है कि मेरे / हमारे द्वारा प्रस्तुत की गई सूचना गलत है या उन शर्तों में किसी प्रकार का विचलन / उल्लंघन है जिनके अंतर्गत एन.एफ.डी.बी. द्वारा मुझे / हमें सहायता प्रदान की गई है, तो इस शर्त के उल्लंघन के लिये, कोई कार्रवाई जो उचित हो, मेरे / हमारे विरुद्ध की जा सकती है। दिनांक: स्थान: आवेदक (कों) का / के हस्ताक्षर कार्यान्वयन करने वाले अभिकरण द्वारा प्रतिहस्ताक्षरित दिनांक: स्थानः कार्यान्वयन करने वाले अभिकरण के प्राधिकृत प्रतिनिधि का हस्ताक्षर और मुहर फार्म-एम.सी.- III - मछुआरों के लिये समुद्री कृषि के पिंजड़ों की स्थापना करने हेतु प्रस्ताव आवेदक से माँगे गये विवरण आवेदक द्वारा प्रस्तुत की गई सूचना 1.0 कार्यान्वयन करने वाले अभिकरण का नाम और पता (स्पष्ट अक्षरों में): 2.0 संसूचना हेतु पता दूरभाष फैक्स: मोबाईल संख्या: ई-मेल: 3.0 प्रदर्शन हेतु उपलब्ध/प्रस्तावित सुविधाएं 4.0 उस स्थान के विवरण जहाँ समुद्री पिंजड़े के प्रदर्शन के क्रिया-कलाप किया जाना प्रस्तावित है: (क) राज्यः (ख) जिलाः (ग) तालुक/मंडल: (घ) समीपवर्ती राजस्व ग्राम: (च) अक्षांश और देशांतरः (छ) पट्टे के विवरण: (ज) पट्टे की अवधि: (झ) फार्म का कुल क्षेत्रफल (हे. में): (ट) पिंजड़े के प्रदर्शन के फार्मों के प्रस्तावित निर्माण कार्यों के विवरण (डिजाइन के विवरण / इंजीनियरिंग के कार्य प्रस्तुत किये जायं): (ठ) प्रदर्शन के पिंजड़ों की इकाईयों की संख्या: (ड) प्रदर्शन के प्रत्येक पिंजड़े के परिमाप: (ढ) प्रदर्शन के प्रत्येक पिंजड़े में मछलियाँ धारण करने की अधिकतम क्षमताः (त) नावों, लंगरों, पहरे की मीनारों, प्रकाश-स्तंभों को शामिल करते हुए अन्य ढाँचों के विवरण: (थ) व्यक्तियों और सामग्री का इधर उधर परिवहन करने के लिए यंत्रीकृत/मोटरीकरण की गई नावों के विवरण: 5.0 पिंजड़े की कृषि के प्रदर्शन के लिये तटवर्ती सुविधाएं: उस स्थान के विवरण जहाँ तटवर्ती सुविधा का उपलब्ध कराया जाना प्रस्तावित है: (क) राज्य: (ख) जिला: (ग) तालक/मंडल: (घ) समीपवर्ती राजस्व ग्राम: (च) सर्वेक्षण संख्या: (छ) क्या सी.आर.जेड. अधिनियम के अनुसार अनुमत क्षेत्र में स्थित है?: (ज) स्वामित्व (क्या पूर्ण स्वामित्व वाला है या खुला पट्टा है?): (झ) यदि पट्टे पर है तो पट्टे के विवरण और अवधि बताइये: (ट) तटवर्ती प्रदर्शन की सुविधा के प्रस्तावित निर्माण कार्यों के विवरण (डिजाएन के विवरणों/इंजीनियरिंग संबंधी कार्यों को सक्षम प्राधिकारी द्वारा प्रमाणित और अनुमोदित किया जाए): (ठ) प्रजातियाँ और फ्राई प्राप्त करने का स्रोतः (ड) बीज (फ्राई से अंगुलिका तक) के लिए धारण करने की सुविधा के विवरण: (ढ) फ्राई का पालन करने वाले टैंकों की संख्या और उनके परिमापः (त) पानी के अंतर्ग्रहण और निस्तारण की सुविधा: (थ) पानी का स्रोत और गुणवत्ताः (द) नाली के पानी के निस्तारण की सुविधा: (ध) फ्राई के लिये उपयोग किये जाने वाले भोजन के विवरण: (न) भोजन के लिये भंडारण की सुविधा (बीज का पालन करने और मत्स्य-कृषि करने के लिये): (प) फसल काटी गई मछलियों को जमाने/का शीत भंडारण करने की सुविधाः (फ) निर्देश-कक्ष की सुविधा: (ब) व्यक्तियों और सामग्री को इधर-उधर ले जाने के लिये यंत्रीकृत/मोटरयुक्त नावों के विवरण: (भ) जल की गुणवत्ता के मानकों का अनुश्रवण करने के लिये तटवर्ती प्रयोगशाला तथा पिंजड़े के फार्म के स्थल पर रोग का निदान: (म) तटवर्ती और समुद्र में पिंजड़े की प्रदर्शन की सुविधाओं के मध्य संसूचना की सुविधा (बेतार का तार/मोबाईल): .0 समुद्र में पिंजड़े की कृषि में प्रति प्रशिक्षण कार्यक्रम में प्रशिक्षित किये जाने वाले व्यक्तियों की संख्या: 7.0 क्या समुद्र में पिंजड़े के प्रदर्शन की सुविधा के लिये सहायता केंद्रीय/राज्य सरकार की किसी अन्य योजना के अंतर्गत माँगी गई है? यदि ऐसा है, तो कृपया विवरण दीजिए: 8.0 इनपुट की लागत के संबंध में अनुमानः (क) प्रदर्शन के लिये पिंजड़े में कृषि की जाने वाली प्रजातियाँ: (ख) भंडारण करने का घनत्व (कृपया फ्राई/अंगुलिका - के भंडारण करने का स्तर विनिर्दिष्ट करें) - पिंजड़े के प्रति घन मीटर की संख्या: (ग) बीज की लागत (रु. प्रति हजार): (घ) प्राप्त करने का स्रोतः (च) परिवहन की लागत (रु. प्रति हजार): (छ) प्रयोग किये जाने वाले भोजन, उसकी मात्रा और लागत के विवरणः (ज) भोजन की प्राप्ति का स्रोतः (झ) तटवर्ती सुविधा से पिंजड़े की कृषि के स्थल तक भोजन के परिवहन की लागत: (ट) प्रति वर्ष कृषि-चक्रों की संख्या: (ठ) वेतन/मजदूरी: (ड) फसल काटने की लागत: (ढ) तटवर्ती सुविधा हेतु परिचालन संबंधी लागतः 9.0 पिंजड़े की कृषि में संस्था का अनुभव: 10.0 परिचालन के अर्थशास्त्र के संबंध में विवरण: 11.0 समुद्री पिंजड़े की कृषि के प्रदर्शन-फार्म के परिचालन की आशयित तारीख और क्रिया-कलापों की अनंतिम अनुसूची: 12.0 विपणन हेतु गठबंधनः 13.0 निर्माण तथा कृषि के दिन-प्रतिदिन के परिचालनों के लिये नियुक्त श्रमिकों का स्रोत और संख्या (मानव-दिवस प्रति वर्ष): 14.0 प्रदर्शन हेतु वित्तीय उलझाव: मद संख्या धनराशि प्रशिक्षण (1) कुल 10 दिनों की अवधि के लिये रु.125/दिन की दर से मछुआरों को सहायता (3 चरणों में): (2) मछुआरों के लिये आने-जाने की यात्रा के व्ययों की प्रतिपूर्ति (3 चरणों में): (3) रु.75/प्रशिक्षु/दिन की दर से कार्यान्वयन करने वाले अभिकरण को सहायता: (4) संसाधन वाले व्यक्तियों को मानदेय और उनकी पात्रता के अनुसार आने-जाने की यात्रा के व्ययों की प्रतिपूर्ति योग संगठन/फर्म के अधिकृत हस्ताक्षरकर्ता द्वारा घोषणा मैं/हम_________________सुपुत्र/सुपुत्री/धर्मपत्नी श्री_______________निवासी._____________एतदद्वारा घोषणा करता हूँ / करती हूँ / करते हैं कि ऊपर प्रस्तुत की गई सूचना मेरे / हमारे सर्वोत्तम ज्ञान और विश्वास के अनुसार सत्य है। मुझे / हमें पूरी जानकारी है कि यदि यह पाया जाता है कि मेरे / हमारे द्वारा प्रस्तुत की गई सूचना गलत है या उन शर्तों में किसी प्रकार का विचलन / उल्लंघन है। जिनके अंतर्गत एन.एफ.डी.बी. द्वारा मुझे / हमें सहायता प्रदान की गई है, तो इस शर्त के उल्लंघन के लिये, कोई कार्रवाई जो उचित हो, मेरे / हमारे विरुद्ध की जा सकती है। दिनांक: स्थान: आवेदक (कों) का / के हस्ताक्षर कार्यान्वयन करने वाले अभिकरण द्वारा प्रतिहस्ताक्षरित दिनांक: स्थान: कार्यान्वयन करने वाले अभिकरण के प्राधिकृत प्रतिनिधि का हस्ताक्षर और मुहर फार्म-एम.सी.-IV - समुद्र में पिंजड़े की कृषि/समुद्री आलंकारिक मत्स्य-कृषि/कौड़ी की कृषि/खाद्य सीप की कृषि/माबेल मोती के उत्पादन में प्रशिक्षण हेतु प्रस्ताव प्रशिक्षु से माँगे गये विवरण प्रशिक्षु द्वारा प्रस्तुत की गई सूचना 1.0 प्रशिक्षणार्थी का नाम और डाक का पता 2.0 प्रशिक्षणार्थी का स्थान जिला – ब्लॉक – पंचायत – ग्राम - 3.0 आयु और जन्म-तिथि 4.0 लिंग 5.0 वोटर आई.डी. कार्ड की संख्या 6.0 व्यवसाय 7.0 वार्षिक आय 8.0 क्या अनु.जा./अनु.जन.जा./अ.पि.व. के हैं? 9.0 क्या मछुआरा सहकारी समिति/स्व.स.स. के सदस्य हैं? यदि ऐसा है तो; मछुआरा सहकारी समिति/स्व.स.स. का नाम और पता: सदस्य कब से हैं?: सदस्यता आई.डी.सं.: 10.0 क्या जल-कृषि में कोई पिछला अनुभव है? यदि ऐसा है तो विवरण दीजिए: 11.0 प्रशिक्षण स्थल से स्थान की दूरीः 12.0 इस प्रशिक्षण कार्यक्रम का उपयोग कैसे करेंगे?: 13.0 प्रार्थी के हस्ताक्षरः प्रायोजित करने वाले/नामांकित करने वाले अभिकरण द्वारा अग्रसारित किया जाए 14.0 अभिकरण की अनुशंसाः क्या प्रशिक्षण के बाद अभिकरण सहकारी/स्व.स.स. की पद्धति से पिंजड़े की कृषि अपनायेगा? 15.0 नामांकन करने वाले अभिकरण के प्राधिकृत हस्ताक्षरी का नाम और हस्ताक्षर: 16.0 वित्तीय उलझाव मद संख्या धनराशि (क) प्रशिक्षण (i) 10 दिनों के लिये रु.125/- दिन की दर से किसान को सहायता (ii) किसान के लिये आने-जाने की यात्रा के व्ययों की प्रतिपूर्तिः (iii) संसाधन वाले व्यक्तियों को मानदेय और आने-जाने की यात्राके व्ययों की प्रतिपूर्ति (iv) रु.75/- प्रशिक्षु दिन की दर से लागू करने वाले अभिकरण को सहायता योग 17.0 प्रशिक्षण में लगाये जाने वाले संसाधन वाले व्यक्तियों की तकनीकी क्षमताएं 18.0 प्रस्ताव के समर्थन में कोई अन्य विवरण आवेदक द्वारा घोषणा मैं/हम___________________सुपुत्र/सुपुत्री/धर्मपत्नी श्री___________________निवासी_______________एतद्द्वारा घोषणा करता हूँ / करती हूँ / करते हैं कि ऊपर प्रस्तुत की गई सूचना मेरे / हमारे सर्वोत्तम ज्ञान और विश्वास के अनुसार सत्य है। मुझे / हमें पूरी जानकारी है कि यदि यह पाया जाता है कि मेरे / हमारे द्वारा प्रस्तुत की गई सूचना गलत है या उन शर्तों में किसी प्रकार का विचलन / उल्लंघन है जिनके अंतर्गत एन.एफ.डी.बी. द्वारा मुझे / हमें सहायता प्रदान की गई है, तो इस शर्त के उल्लंघन के लिये, कोई कार्रवाई जो उचित हो, मेरे / हमारे विरुद्ध की जा सकती है। दिनांक: स्थान: आवेदक(कों) का / के हस्ताक्षर कार्यान्वयन करने वाले अभिकरण द्वारा प्रतिहस्ताक्षरित दिनांक: स्थान: कार्यान्वयन करने वाले अभिकरण के प्राधिकृत प्रतिनिधि का हस्ताक्षर और मुहर फार्म - एम.सी.-V - राष्ट्रीय मात्स्यिकी विकास बोर्ड उपभोग प्रमाण-पत्र प्रस्तुतीकरण का प्रारुप क्र.सं. पत्रांक और दिनांक धनराशि प्रमाणित किया जाता है कि हाशिये में दिये गये राष्ट्रीय मात्स्यिकी विकास बोर्ड के पत्रांक के अन्तर्गत_______के पक्ष में वर्ष______की अवधि में संस्वीकृत रु. और पूर्वसंस्वीकृति में से खर्च न किये जाने के कारण बकाया रु___में से रु___उद्देश्य के लिये उपभोग की जा चुकी है जिस उद्देश्य के लिये यह संस्वीकृत की गई थी और बकाया रु. अनुपभुक्त रह गया है। उसे की अवधि के दौरान देय अगली किश्त में समायोजित कर दिया जायेगा। भौतिक प्रगतिः प्रमाणित किया जाता है कि मैं स्वयं में संतुष्ट हूँ कि वे शर्ते जिन पर निधियाँ राष्ट्रीय मात्स्यिकी विकास बोर्ड द्वारा संस्वीकृत की गई थीं, वे विधिवत् पूरी की जा चुकी हैं / पूरी की जा रही हैं और यह देखने के लिये मैंने निम्नलिखित जाँच-पड़तालें की हैं कि यह धन वास्तव में उसी उद्देश्य के लिये उपभोग किया गया था जिस उद्देश्य के लिये यह संस्वीकृत किया गया था। दिनांक: स्थान: कार्यान्वयन करने वाले अभिकरण के प्राधिकृत प्रतिनिधि का हस्ताक्षर और मुहर स्त्रोत: पशुपालन, डेयरी और मत्स्यपालन विभाग, कृषि और किसान कल्याण मंत्रालय